
ऑफलाइन बाजार में अपनी धाक जमाने वाली चीन की स्मार्टफोन निर्माता कंपनी Vivo ने साउथ कोरिया की इलेक्ट्रॉनिक कंपनी सैमसंग को पीछे छोड़ दिया है। इंडिया की ऑफलाइन मार्केट में वीवो की यह काफी बड़ी जीत कही जा रही है। इस बात की जानकारी GfK की रिपोर्ट में आई है।
Vivo ने साल 2019 नंवबर में Samsung से ज्यादा स्मार्टफोन्स की बिक्री ऑफलाइन बाजार में की है। इंडिया में एंट्री के बाद से इसे वीवो की काफी बड़ी उपलब्धी मानी जा सकती है। डाटा के अनुसार वीवो का ऑफलाइन मार्केट शेयर अक्टूबर 2019 में 23 प्रतिशत था जो कि 2019 नवंबर में 24.7 प्रतिशत हो गया। वहीं, इसी समय के दौरान सैमसंग का मार्केट शेयर 24.7 प्रतिशत से 21.6 प्रतिशत पर पहुंचा। दूसरे ओर शाओमी 20.8 प्रतिशत से 21.5 प्रतिशत तक पहुंची।

इसके अलावा दूसरे बड़े ब्रांड की बात करें तो ओप्पो और रियलमी का मार्केट शेयर 16.5 प्रतिशत से गिरकर 16.3 प्रतिशत पर पहुंचा। हालांकि, बाकि के दो महीने में 5.7 प्रतिशत से 7 प्रतिशत का इजाफा देखा गया। लेकिन, नवंबर 2018 में यह सैमसंग का मार्केट शेयर 35.8 प्रतिशत रहा था। जो कि पिछले साल 21.6 प्रतिशत हो गया था।
सैमसंग काफी सबसे लंबे समय तक, भारत का सबसे बड़ा स्मार्टफोन विक्रेता रहा था। हालांकि पूर्ण रूप से शाओमी से इससे आगे निकल गया था, फिर भी यह भारत के ऑफलाइन बाजार में अपनी पकड़ बनाए रखे हुए है। जो कि देश भर में इसके बड़े पैमाने पर वितरण और खुदरा नेटवर्क की बदौलत हो पाया है। शाओमी और वीवो जैसे चीनी ओईएम की तुलना में, सैमसंग भारत में बहुत अधिक समय तक रहा है। इसलिए कंपनी की पकड़ इंडिया में ज्यादा है।
फिलहाल Vivo की ग्रोथ में काफी तेजी देखी जा रही है। हालांकि, कुछ समय पहले IDC के मार्केट डाटा के अनुसार नवंबर 2019 में शाओमी 30.4 प्रतिशत के साथ मार्केट पर राज कर रहा था। इस दौरन Vivo तीसरे नंबर पर 16.9 प्रतिशत के साथ था। लेकिन, Q4 2019 के रिजल्ट आने पर पुरा मामला पलट गया।


















