
स्मार्टफोन के अंदर ऐसे कई सेंसर मौजूद होते हैं, जिनके बारे में ज्यादातर यूजर्स जानते ही नहीं है। यही सेंसर आपके फोन को कैमरा, जीपीएस और ऑटो ब्राइटनेस जैसी सुविधाएं देने के साथ-साथ कई ऐसे काम भी करा सकते हैं, जिनके लिए पहले अलग-अलग गैजेट खरीदने पड़ते थे। बता दें कि सही ऐप्स की मदद से आपका एंड्रॉयड फोन टेप मेजर, स्पिरिट लेवल, मेटल डिटेक्टर, लाइट मीटर, साउंड मीटर और यहां तक कि थर्मामीटर की तरह भी काम कर सकता है। अगर आप अपने फोन का स्मार्ट तरीके से इस्तेमाल करना चाहते हैं, तो ये फीचर्स आपके काफी काम आ सकते हैं।
टेप मेजर की तरह करें इस्तेमाल
घर में नया फर्नीचर खरीदना हो, दीवार की लंबाई नापनी हो या किसी कमरे का एरिया जानना हो, तो अब आपको हर बार मेजरिंग टेप ढूंढने की जरूरत नहीं है। कई एंड्रॉयड फोन कैमरा और AR (Augmented Reality) तकनीक की मदद से वस्तुओं की लंबाई, चौड़ाई और ऊंचाई माप सकते हैं।
इसके लिए Google Play Store पर मौजूद Tape Measure, AR Ruler या Samsung Galaxy फोन में मिलने वाला Quick Measure ऐप इस्तेमाल किया जा सकता है। ऐप खोलने के बाद कैमरे को किसी समतल सतह की ओर करें। इसके बाद जिस हिस्से को मापना है, वहां शुरुआती और अंतिम पॉइंट चुनें। कुछ ही सेकंड में स्क्रीन पर अनुमानित माप दिखाई देने लगेगा। बता दें कि फ्लैगशिप स्मार्टफोन में LiDAR सेंसर होने पर रिजल्ट ज्यादा सटीक मिलते हैं, जबकि सामान्य एंड्रॉयड फोन ARCore तकनीक का उपयोग करते हैं। हालांकि यह फीचर रोजमर्रा के कामों के लिए काफी उपयोगी है, लेकिन प्रोफेशनल माप के लिए पारंपरिक टेप मेजर का इस्तेमाल करना बेहतर रहेगा।
लाइट और शोर का लेवल माप सकता है फोन
क्या आपके स्टडी रूम में पर्याप्त रोशनी है? ऑफिस की लाइट आंखों के लिए सही है या नहीं? या फिर आपके कमरे में शोर कितना है? इन सवालों का जवाब भी आपका स्मार्टफोन दे सकता है।
फोन में मौजूद Ambient Light Sensor स्क्रीन की ब्राइटनेस को अपने आप एडजस्ट करता है। यही सेंसर Light Meter जैसे ऐप की मदद से आसपास की रोशनी को Lux यूनिट में माप सकता है। यह फीचर खासतौर पर उन लोगों के लिए उपयोगी है, जो घर से काम करते हैं, स्टडी रूम तैयार कर रहे हैं या इंडोर पौधों के लिए सही रोशनी जांचना चाहते हैं।
इसी तरह फोन का माइक्रोफोन Sound Meter ऐप के जरिए आसपास के शोर को Decibel (dB) में माप सकता है। इससे आप यह जान सकते हैं कि आपका म्यूजिक सिस्टम सुरक्षित वॉल्यूम पर चल रहा है या नहीं या किसी जगह पर रिकॉर्डिंग के लिए शोर कितना है। ध्यान रखें कि स्मार्टफोन का माइक्रोफोन सामान्य आवाज रिकॉर्ड करने के लिए बनाया गया है, इसलिए बहुत अधिक तेज आवाज को यह पूरी सटीकता से नहीं माप पाएगा।
मेटल डिटेक्टर बन सकता है आपका फोन
बहुत कम लोग जानते हैं कि लगभग हर एंड्रॉयड फोन में Magnetometer सेंसर होता है। यही सेंसर Compass और Google Maps में दिशा दिखाने का काम करता है। लेकिन सही ऐप की मदद से यही सेंसर मेटल डिटेक्टर की तरह भी इस्तेमाल किया जा सकता है।
Physics Toolbox Magnetometer या Metal Detector जैसे ऐप इंस्टॉल करने के बाद फोन आसपास मौजूद मैग्नेटिक फील्ड को पढ़ने लगता है। जैसे ही फोन किसी धातु, चुंबक या स्पीकर के पास ले जाते हैं, स्क्रीन पर मैग्नेटिक रीडिंग तेजी से बढ़ जाती है।
यह फीचर दीवार में छिपे धातु के हिस्से का अंदाजा लगाने, स्पीकर की जांच करने, छोटे साइंस प्रोजेक्ट या सामान्य प्रयोगों के लिए उपयोगी हो सकता है। हालांकि यह प्रोफेशनल मेटल डिटेक्टर की जगह नहीं ले सकता है, लेकिन सामान्य जरूरतों के लिए काफी काम का साबित होता है।
फोटो फ्रेम टेढ़ा है या नहीं? फोन बताएगा
अगर आपने कभी घर में फोटो फ्रेम, टीवी, घड़ी या शेल्फ लगाया है, तो आपको Bubble Level यानी स्पिरिट लेवल की जरूरत जरूर पड़ी होगी। अच्छी बात यह है कि यह काम भी आपका एंड्रॉयड फोन कर सकता है।
फोन में मौजूद Accelerometer और Gyroscope सेंसर उसकी स्थिति और झुकाव को पहचानते हैं। यही सेंसर स्क्रीन को ऑटो-रोटेट करने का काम भी करते हैं। Bubble Level जैसे ऐप डाउनलोड करने के बाद फोन को किसी दीवार, टेबल या फ्रेम के ऊपर रखें। ऐप तुरंत बता देगा कि सतह पूरी तरह सीधी है या कितने डिग्री तक झुकी हुई है। DIY काम करने वालों के लिए यह फीचर काफी उपयोगी साबित हो सकता है। अगर आपके फोन में बड़ा कैमरा मॉड्यूल है, तो उसे समतल सतह पर रखने में थोड़ी दिक्कत आ सकती है।
Pixel फोन में मिलता है थर्मामीटर
अगर आपके पास Google Pixel 8 Pro या उससे नया Pro मॉडल है, तो आपका फोन तापमान भी माप सकता है। इन स्मार्टफोन में कैमरा मॉड्यूल के पास एक खास Temperature Sensor दिया गया है, जो बिना छुए किसी वस्तु का तापमान माप सकता है।
फोन में पहले से मौजूद Thermometer ऐप खोलकर आप कुछ इंच की दूरी से किसी वस्तु का तापमान जांच सकते हैं। इससे खाना पकाने वाले बर्तन का तापमान, लैपटॉप की गर्मी, बच्चे के नहाने के पानी का तापमान और कई अन्य चीजों की जांच की जा सकती है।
Google ने इसमें बॉडी टेम्परेचर मापने का फीचर भी जोड़ा है। इसके लिए फोन को माथे के पास रखकर धीरे-धीरे कनपटी की ओर ले जाना होता है। हालांकि यह मेडिकल थर्मामीटर का विकल्प नहीं है, लेकिन सामान्य उपयोग के लिए यह काफी उपयोगी फीचर है।
फोन में और भी हैं कई स्मार्ट सेंसर
इन पांच फीचर्स के अलावा भी एंड्रॉयड फोन में कई ऐसे सेंसर होते हैं, जिनका उपयोग अलग-अलग ऐप्स के जरिए किया जा सकता है। उदाहरण के लिए:
- Barometer की मदद से वायुदाब मापा जा सकता है।
- GPS और Altimeter से ऊंचाई का अनुमान लगाया जा सकता है।
- Proximity Sensor से स्क्रीन ऑटो ऑन-ऑफ होती है।
- Compass सेंसर दिशा बताता है।
- Heart Rate Sensor (कुछ फोन में) से हार्ट रेट की निगरानी की जा सकती है।
यानी आपका स्मार्टफोन सिर्फ एक कम्युनिकेशन डिवाइस नहीं, बल्कि कई छोटे-छोटे गैजेट्स का कॉम्बिनेशन है।
क्या हर एंड्रॉयड फोन में ये फीचर मिलेंगे?
जरूरी नहीं। कुछ फीचर सभी एंड्रॉयड फोन में उपलब्ध होते हैं, जबकि कुछ हार्डवेयर पर निर्भर करते हैं। उदाहरण के लिए, टेप मेजर फीचर बेहतर तरीके से उन फोन में काम करता है जिनमें ARCore या LiDAR सपोर्ट हो। वहीं तापमान मापने का फीचर फिलहाल केवल Pixel 8 Pro और उसके बाद के Pro मॉडल तक सीमित है। इसलिए किसी ऐप को डाउनलोड करने से पहले यह जरूर जांच लें कि आपका फोन संबंधित सेंसर को सपोर्ट करता है या नहीं।
कुल मिलाकर देखें, तो आज के एंड्रॉयड स्मार्टफोन में मौजूद सेंसर सिर्फ फोन चलाने के लिए नहीं है, बल्कि रोजमर्रा की कई समस्याओं का आसान समाधान भी बन सकते हैं। सही ऐप्स की मदद से आपका फोन कमरे की लंबाई नाप सकता है, रोशनी और शोर का स्तर बता सकता है, धातु की पहचान कर सकता है, फोटो फ्रेम को सीधा लगाने में मदद कर सकता है और कुछ प्रीमियम मॉडल तापमान भी माप सकते हैं। अगर आपने अब तक इन फीचर्स का इस्तेमाल नहीं किया है, तो एक बार जरूर आजमाएं। हो सकता है अगली बार किसी छोटे काम के लिए अलग गैजेट खरीदने की जरूरत ही न पड़े।






















