
Reliance Jio, Airtel और Vodafone Idea ने बीते दिनों Tariff Plans की कीमतें बढ़ाते हुए अपने यूजर्स को तगड़ा झटका दिया है। इस वक्त भारतीय दूरसंचार क्षेत्र के निजी सेक्टर में ये तीन कंपनियां ही सक्रिय है और एक के बाद एक करते हुए तीनों ने ही Mobile Plan महंगे कर दिए हैं। मोबाइल यूजर्स अपनी जेब पर पड़े इस बोझ को झेलने में असमर्थ नज़र आ रहे और किसी सस्ते ऑप्शन की तालाश में हैं। ऐसी स्थिति में देश की सरकारी टेलीकॉम कंपनी भारत संचार निगम लिमिटेड यानी BSNL ही इंडियन यूजर्स के लिए एकमात्र सहारा बनती नज़र आ रही है। इस वक्त देश में यही मांग नज़र आ रही है कि जियो, एयरटेल और वीआई को छोड़ों तथा बीएसएनएल को अपनाओ।
BSNL अपनाने की मांग हम नहीं उठा रहे हैं। बल्कि यह डिमांड हमें दिखाई दी है 91मोबाइल्स के सोशल मीडिया पर, जहां अधिकांश भारतीय मोबाइल यूजर्स भारत संचार निगम लिमिटेड के नेटवर्क से जुड़ने की चाह सामने रख रहे हैं। सोशल मीडिया के जरिये मिले कमेंट्स और राय के अनुरूप यह साफ प्रतीत हो रहा है कि इस वक्त Jio, Airtel और Vi द्वारा बढ़ाए गए मोबाइल रिचार्ज प्लान्स से भारत की जनता नाराज़ है और प्राइवेट कंपनियों द्वारा की जा रही मनमानी के खिलाफ आवाज उठाते हुए इनका नेटवर्क छोड़कर सरकारी कंपनी BSNL के नेटवर्क से जुड़ना चाहती है।

Jio, Airtel और Vi से पब्लिक नाराज
रिलायंस जियो, एयरटेल और वोडाफोन आइडिया तीनों ही कंपनियों ने एक ही सप्ताह में अपने रिचार्ज प्लान महंगे कर दिए हैं। पुरानी कीमत और नई कीमत के बीच का फासला भी काफी बड़ा है और एक तरफ जहां अब लोगों को समान सुविधा पाने के लिए अधिक ज्यादा पैसे चुकाने पड़ रहे हैं वहीं कई प्लान्स में तो कंपनी ने पहले मिलने वाले बेनिफिट्स को भी घटाकर कम कर दिया है। मोबाइल यूजर्स को मजबूरीवश प्राइवेट टेलीकॉम कंपनियों द्वारा जारी किए गए नए प्राइस रेट के हिसाब से ही रिचार्ज कराना पड़ रहा है और यह आम जनता पर बड़ा बोझ डाल रहा है। तीनों ही कंपनियों ने कीमतें बढ़ा दी है और इस वजह से उपभोक्ताओं के पास ऑप्शन भी नहीं बचा है कि किस कंपनी को चुना जाए। यह भी पढ़ें : प्राइवेट टेलीकॉम कंपनियों को आगे बढ़ाने के चक्कर में BSNL हो रही इग्नोर! क्या है इस मुद्दे पर आपकी राय?
BSNL से क्यों है इतनी दूरी
यह सच है कि Jio, Airtel और Vi के पास BSNL की तुलना में कहीं अधिक मोबाइल यूजर्स है। सस्ती होने के बावजूद बीएसएनएल अपना उपभोक्ता आधार बढ़ाने की जद्दोजहद में लगी है। मोटे तौर पर देखा जाए तो बीएसएनएल आज के वक्त के हिसाब से अन्य तीनों निजी कंपनियों की तुलना में काफी पिछड़ी नज़र आती है। बीएसएनएल के पास उन सुविधाओं की कमी है जो आम मोबाइल यूजर को रिलायंस जियो, भारती एयरटेल और वोडफोन आइडिया के साथ मिल जाती है।
ये तीनों प्राइवेट कंपनियां जहां इन दिनों तेजी से 5जी की राह में बढ़ रही हैं और 5G Trials कर रही हैं। वहीं बीएसएनएल अभी भी देशव्यापी 4G Service के लिए जूझ रही है। कहीं न कहीं सरकार की ओर से भी बीएसएनएल की अनदेखी की जा रही है जिसके चलते कंपनी अपने नेटवर्क, कवरेज, स्पेक्ट्रम व अन्य जरूरी कंपोनेंट्स के लिए पर्याप्त संसाधन नहीं जुटा पा रही है। वहीं साथ ही बीएसएनएल कर्मचारियों के लचर रवैये से भी आम जनता हलकान नज़र आ रही है। बहरहाल मौजूद हालातों पर नजर डालें तो यह भी सच है कि अगर बीएसएनएल अपनी कार्यप्रणाली में सुधार कर ले तो इस वक्त देश की अधिकांश आबादी Jio, Airtel और Vi को छोड़कर BSNL के पास आना चाहती है। क्या आप भी है इन्हीं में से एक ?





















